दिसंबर में मॉक ड्रिल एवं सभी संस्थानों में फायर सेफ्टी ऑडिट कराने का निर्देश।

श्रीकांत दास / विशाल विचार
साहिबगंज। उपायुक्त हेमंत सती की अध्यक्षता में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकार की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक गुरुवार को कार्यालय प्रकोष्ठ में आयोजित की गई। बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में जिला परिषद अध्यक्षा मोनिका किस्कू उपस्थित रहीं।बैठक में निर्णय लिया गया कि आगामी दिसंबर माह में जिलेभर में व्यापक आपदा मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा, ताकि आपदा की स्थिति में त्वरित, समन्वित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सके। उपायुक्त हेमंत सती ने कहा कि यह मॉक ड्रिल जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन दल, स्वास्थ्य विभाग, पुलिस बल एवं अन्य संबंधित एजेंसियों के बीच तालमेल को मजबूत करेगा।अभिलेखों की त्रुटियों को शीघ्र दूर करने का निर्देश उपायुक्त हेमंत सती ने आपदा विभाग में लंबित अभिलेखों में मौजूद त्रुटियों को शीघ्र सुधारने तथा लाभार्थियों को समयबद्ध लाभ उपलब्ध कराने पर जोर दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।पूर्व-चेतावनी सायरन प्रणाली की प्रक्रिया तेज करने का आदेश उधवा, बरहेट समेत संवेदनशील क्षेत्रों में पूर्व-चेतावनी सायरन (Early Warning System) अधिष्ठापन कार्य को तेजी से आगे बढ़ाने का निर्देश भी बैठक में दिया गया, ताकि प्राकृतिक आपदा के समय लोगों को समय रहते सतर्क किया जा सके।सभी संस्थानों में फायर सेफ्टी ऑडिट अनिवार्य उपायुक्त हेमंत सती ने जिले के सभी सरकारी, गैर-सरकारी कार्यालयों, प्रतिष्ठानों, स्कूलों, कॉलेजों, होटलों सहित अन्य संस्थानों में फायर सेफ्टी ऑडिट अनिवार्य रूप से कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाए और किसी भी प्रकार की लापरवाही पर सख़्त कार्रवाई होगी।बैठक में उपस्थित अधिकारी बैठक में सिविल सर्जन डॉ. रामदेव पासवान, अपर समाहर्ता गौतम भगत समेत विभिन्न विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे।
