उधवा स्वास्थ्य मेला में सीएचसी प्रभारी डॉ. गुफरान ने दो टीबी मरीजों को लिया गोद, पोषण किट देकर दिया संबल।

श्रीकांत दास / विशाल विचार
उधवा (साहिबगंज)।उधवा प्रखंड मुख्यालय परिसर में आयोजित प्रखंडस्तरीय स्वास्थ्य मेला के दौरान टीबी मुक्त भारत अभियान को उस समय नई ऊर्जा और मजबूती मिली, जब सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सीएचसी उधवा के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. गुफरान ने क्षेत्र के दो यक्ष्मा टीबी मरीजों को गोद लेकर उन्हें फूड बास्केट पोषण किट प्रदान की।इस अवसर पर डॉ. गुफरान ने कहा कि टीबी जैसी गंभीर एवं संक्रामक बीमारी के उन्मूलन के लिए केवल दवाइयों से उपचार पर्याप्त नहीं है, बल्कि उचित पोषण, सामाजिक सहयोग और सामूहिक भागीदारी भी उतनी ही आवश्यक है। उन्होंने बताया कि मरीजों को गोद लेने का मुख्य उद्देश्य उन्हें नियमित इलाज के साथ-साथ पोषण संबंधी सहायता उपलब्ध कराना है, जिससे उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़े और वे शीघ्र स्वस्थ होकर सामान्य जीवन में लौट सकें।डॉ. गुफरान ने आम नागरिकों, सामाजिक संस्थाओं, जनप्रतिनिधियों एवं स्वयंसेवी संगठनों से अपील करते हुए कहा कि वे भी आगे आकर टीबी मरीजों को गोद लें और टीबी मुक्त भारत अभियान को सफल बनाने में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएं। उन्होंने कहा कि समाज की सहभागिता से ही इस बीमारी को जड़ से समाप्त किया जा सकता है।स्वास्थ्य मेला में उपस्थित लोगों ने डॉ. गुफरान की इस पहल की जमकर सराहना की और इसे मानवीय संवेदना, सामाजिक जिम्मेदारी एवं चिकित्सकीय कर्तव्य का उत्कृष्ट उदाहरण बताया। कार्यक्रम के माध्यम से न केवल टीबी के प्रति जागरूकता फैली, बल्कि समाज में सहयोग, संवेदना और जिम्मेदारी की भावना को भी मजबूती मिली।स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित यह मेला आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ने के साथ-साथ सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हुआ।
