लंबित पेंशन मामलों के त्वरित निष्पादन व संवेदनशील प्रकरणों में शीघ्र कार्रवाई के निर्देश।

श्रीकांत दास / विशाल विचार
साहिबगंज समाहरणालय सभागार में बुधवार उपायुक्त हेमंत सती की अध्यक्षता में सामाजिक सुरक्षा कोषांग अंतर्गत संचालित सभी योजनाओं की प्रगति की गहन समीक्षा की गई। इस अवसर पर जिला बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति, जिला बाल संरक्षण इकाई तथा प्रयोजन एवं पालन-पोषण, देखभाल अनुमोदन समिति (SFCAC) की मासिक बैठक भी संपन्न हुई।बैठक के दौरान उपायुक्त ने सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, लाभुकों को समय पर सहायता उपलब्ध कराने, तथा बाल संरक्षण से संबंधित प्रकरणों के शीघ्र निष्पादन पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि संवेदनशील मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।उपायुक्त ने विभागीय पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि सामाजिक सुरक्षा की सभी पेंशन योजनाओं में लंबित आवेदनों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित किया जाए, ताकि वास्तविक लाभुकों को समय पर सहायता मिल सके। साथ ही, योजनाओं की निगरानी व्यवस्था को और सुदृढ़ करने तथा फील्ड स्तर पर नियमित अनुश्रवण करने का निर्देश दिया।बाल संरक्षण के संदर्भ में उपायुक्त ने कहा कि जिला बाल संरक्षण इकाई को बच्चों के अधिकारों से जुड़े मामलों पर सतत निगरानी रखनी चाहिए तथा जरूरतमंद, असहाय एवं संकटग्रस्त बच्चों को तत्काल आवश्यक सहायता उपलब्ध करानी चाहिए।SFCAC की बैठक में प्रस्तुत सभी मामलों पर संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण के साथ निर्णय लेने का निर्देश देते हुए उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि बच्चों का सर्वोत्तम हित ही सर्वोपरि होना चाहिए।बैठक में जिला पंचायती राज पदाधिकारी अनिल कुमार, जिला बाल परियोजना पदाधिकारी पूनम कुमारी, सामाजिक सुरक्षा एवं बाल संरक्षण से जुड़ी विभिन्न शाखाओं के पदाधिकारी एवं अन्य कर्मी उपस्थित थे।
