पारदर्शी नीलामी प्रक्रिया में मोहम्मद असलम बने माघी मेला के बंदोबस्तधारी।

श्रीकांत दास / विशाल विचार
राजमहल साहिबगंज।नगर पंचायत राजमहल के तत्वावधान में माघी मेला की डाक बंदोबस्ती की प्रक्रिया शनिवार को नगर पंचायत कार्यालय परिसर में शांतिपूर्ण एवं पारदर्शी तरीके से संपन्न हुई। यह नीलामी प्रक्रिया नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी दानिश हुसैन की अध्यक्षता में निर्धारित नियमों एवं दिशा-निर्देशों के अनुरूप आयोजित की गई।नगर पंचायत प्रशासन द्वारा माघी मेला डाक बंदोबस्ती का आधार मूल्य (बेस प्राइस) ₹2,18,500 दो लाख अठारह हजार पाँच सौ रुपये निर्धारित किया गया था। नीलामी प्रक्रिया के दौरान कई इच्छुक बोलीदाताओं ने भाग लिया, जिसके बाद प्रतिस्पर्धात्मक बोली में ₹2,21,350 दो लाख इक्कीस हजार तीन सौ पचास रुपये की सर्वाधिक बोली प्राप्त हुई।यह उच्चतम बोली मोहम्मद असलम द्वारा लगाई गई, जिसे सभी औपचारिकताओं की पूर्ति के उपरांत नियमानुसार स्वीकार करते हुए उन्हें माघी मेला का आधिकारिक बंदोबस्तधारी (लेसी) घोषित किया गया।नगर पंचायत प्रशासन ने स्पष्ट शब्दों में बताया कि माघी मेला क्षेत्र में केवल बंदोबस्तधारी द्वारा नामित एवं नगर पंचायत से स्वीकृत पहचान पत्र आईडी कार्ड धारक व्यक्ति को ही वसूली का अधिकार होगा। किसी भी अनधिकृत व्यक्ति द्वारा वसूली किए जाने की स्थिति में संबंधित के विरुद्ध कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि कोई व्यक्ति या संस्था स्वेच्छा से चंदा अथवा सहयोग प्रदान करती है, तो उसमें नगर पंचायत की कोई भूमिका या जिम्मेदारी नहीं होगी। किसी भी प्रकार की अवैध वसूली, जबरन चंदा या दबाव की शिकायत मिलने पर दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।नगर पंचायत प्रशासन के अनुसार माघी मेला डाक बंदोबस्ती की पूरी प्रक्रिया पूर्णतः पारदर्शी, निष्पक्ष और नियमसम्मत रही। साथ ही माघी मेला के सफल, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर सभी आवश्यक प्रशासनिक, विधि-व्यवस्था एवं सुरक्षा संबंधी तैयारियाँ समय रहते सुनिश्चित की जा रही हैं।
