
श्रीकांत दास / विशाल विचार
साहिबगंज जिले में शनिवार को जिला स्तरीय अभिसरण योजना की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक उपायुक्त हेमंत सती की अध्यक्षता में गोपनीय कार्यालय प्रकोष्ठ में आयोजित की गई। बैठक में जिले में संचालित विभिन्न कृषि एवं ग्रामीण विकास योजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा–निर्देश दिए गए।बैठक में पशुपालन, भूमि संरक्षण, आत्मा, लघु सिंचाई, उद्यान, कृषि, जलछाजन, मत्स्य, सहकारिता, गव्य विकास, JSLPS, NABARD एवं R-SETI जैसी महत्वपूर्ण विभागीय एवं संस्थागत योजनाओं की वर्तमान स्थिति, उपलब्धियों और लंबित कार्यों पर व्यापक चर्चा की गई।किसानों को उन्नत तकनीक से सशक्त करने पर ज़ोर उपायुक्त हेमंत सती ने कृषि, उद्यान एवं गव्य विकास से जुड़ी योजनाओं की समीक्षा के दौरान स्पष्ट निर्देश दिया कि किसानों को उन्नत कृषि तकनीक, उच्च गुणवत्ता वाले बीज, आधुनिक कृषि यंत्र तथा वैज्ञानिक खेती पद्धति से सशक्त बनाया जाए। उन्होंने कहा कि आधुनिक संसाधनों और प्रशिक्षण की उपलब्धता से किसान न केवल उत्पादन बढ़ा सकेंगे बल्कि आत्मनिर्भर तथा आर्थिक रूप से मजबूत भी बनेंगे।उपायुक्त हेमंत सती ने आत्मा परियोजना एवं उद्योग विभाग से जुड़ी गतिविधियों की भी जानकारी ली और कहा कि प्रत्येक योजना का प्रभाव जमीनी स्तर पर किसानों को मिलना चाहिए।पशुपालन विभाग से गाय वितरण योजना की समीक्षा पशुपालन विभाग से उपायुक्त ने दो गाय, पाँच गाय एवं दस गाय वितरण योजना की प्रगति, लाभुकों के चयन, सत्यापन प्रक्रिया एवं वितरण की वर्तमान स्थिति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिया कि पात्र लाभुकों का चयन पारदर्शी तरीके से किया जाए तथा योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही न हो।बैठक में उपस्थित अधिकारी बैठक में जिला कृषि पदाधिकारी प्रमोद एक्का, जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी राहुल गुप्ता, जिला मत्स्य पदाधिकारी वीरेन्द्र विन्हा, जिला सहकारिता पदाधिकारी महादेव मुर्मू, JSLPS के डीपीएम मतिन तारीक, NABARD एवं R-SETI के प्रतिनिधि सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।उपायुक्त हेमंत सती ने बैठक में मौजूद सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि अभिसरण योजना के अंतर्गत सभी विभाग समन्वय बनाकर कार्य करें, ताकि जिले में कृषि एवं ग्रामीण विकास से जुड़ी योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुँच सके।
