
श्रीकांत दास / विशाल विचार
उधवा साहिबगंज। जिला समाज कल्याण पदाधिकारी संजय कुमार दास के निर्देशानुसार मंथन संस्था, चाइल्ड हेल्पलाइन, संरक्षण पदाधिकारी (गैर संस्थागत देखरेख) तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डालसा) के संयुक्त तत्वावधान में जी.एन. उच्च विद्यालय अमानत पियारपुर, उधवा में शुक्रवार को व्यापक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बाल विवाह, बाल श्रम, यौन शोषण जैसी सामाजिक कुरीतियों के प्रति विद्यार्थियों को जागरूक करना तथा ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ योजना के महत्व से अवगत कराना था।अमन वर्मा ने छात्राओं को आत्मनिर्भरता आत्मरक्षा के कौशल दृढ़ संकल्प तथा कठिन परिस्थितियों का साहसपूर्वक सामना करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि बाल विवाह और बाल श्रम जैसे कुप्रथाओं को समाप्त करने के लिए समाज की सामूहिक भूमिका अत्यंत आवश्यक है। जागरूकता ही बदलाव की पहली सीढ़ी है।”संस्थागत देखरेख की चंदा कुमारी ने योजना के उद्देश्य, महत्व एवं उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह योजना लैंगिक समानता लड़कियों की शिक्षा वित्तीय सुरक्षा तथा बालिकाओं के विरुद्ध हानिकारक प्रथाओं को समाप्त करने पर केंद्रित है।उन्होंने कहा कि बेटियाँ आज हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं, और समाज का सहयोग उनके सपनों को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक मोहम्मद इकबाल ने छात्राओं को सुरक्षा एवं अधिकारों से संबंधित महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक किया। उन्होंने गुड टच बैड टच, बाल विवाह, बाल श्रम, यौन शोषण, POCSO Act, नशा मुक्ति, स्पॉन्सरशिप, फोस्टर केयर, आफ्टर केयर, दत्तक ग्रहण तथा किशोर न्याय अधिनियम (JJ Act) से जुड़ी विस्तृत जानकारी प्रदान की।उन्होंने आपात स्थिति में चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर तुरंत संपर्क करने की सलाह भी दी।शोभा कुमारी ने बच्चियों को साइबर अपराधों से बचाव के उपाय बताए और कहा कि किसी भी प्रकार के साइबर फ्रॉड या ऑनलाइन उत्पीड़न की स्थिति में टोल-फ्री नंबर 1930 पर तुरंत शिकायत दर्ज कराएं।कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को मासिक धर्म स्वच्छता से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई, ताकि वे स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से बच सकें और स्वस्थ जीवनशैली अपना सकें।कार्यक्रम में शबनम प्रवीण, संजीव कुमार, रूपेश्वर कुमार सहित कई पैरालीगल वॉलंटियर्स (पीएलवी) उपस्थित रहे।सभी अतिथियों ने बालिकाओं के उज्ज्वल भविष्य और सुरक्षित वातावरण के लिए सामूहिक प्रयासों पर बल दिया।
